जिस्म पर अपने कांटो से
तेरा नाम लिख रखा था,
तेरी तस्वीर को अपने सीने में
मुद्दातों से संभाल रखा था,
तेरी भीनी सी वो खुश्बू भी
रूह में अत्तर सा उतार रखा था,
तूने खेला खेल ऐसा मेरे साथ मेरी जान,
जीना तो दूर ना मर सकू तेरे बिन
ऐसा हाल बना छोड़ा था।
प्यार करती हो तो प्यार जताओ तो जानूं, मेरी खुशी के खातिर सब कुछ लुटाओ टू जानूं, बिन कहे दिल की बात समझ जाओ तो जानूं, ये जिस्मों से रिझाना ...
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