Saturday, February 13, 2021

Gulab Se Nazuk Hoth...


 


गुलाब से नाजुक होठ ये तेरे
मेरे होठों से चूमने की जिद्द करता है,
मख्खन से गुलाबी गाल ये तेरे
मेरे हथेलियों में समाने की हठ करता है,
दे दे इजाजत छूने की मुझे तू
तेरी मखमल से बदन पर चांद तारे 
सजाने को दिल करता है।

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