कुछ ना कहती हो शायद तुम डरती हो,
मेरी बातों मेरे जज्बातों मेरी एहसासों से,
कहीं प्यार ना हो जाए तुझे,
मुझसे इन खयालातों से।
प्यार करती हो तो प्यार जताओ तो जानूं, मेरी खुशी के खातिर सब कुछ लुटाओ टू जानूं, बिन कहे दिल की बात समझ जाओ तो जानूं, ये जिस्मों से रिझाना ...
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